जिस शिशु का जन्म चन्द्रमा के आश्लेषा नक्षत्र के चरण 1 में होता है, उसका नाम परंपरा से डी अक्षर से रखा जाता है। तब चन्द्रमा कर्क राशि में होता है। नीचे इस अक्षर से शुरू होने वाले 8 नाम अर्थ सहित दिए गए हैं।
लड़कों के नाम
- दिनेश (Dinesh) — दिन के स्वामी, सूर्य
- दिलीप (Dilip) — रघुवंश के एक राजा
- दिग्विजय (Digvijay) — सभी दिशाओं का विजेता
लड़कियों के नाम
- दिव्या (Divya) — दिव्य
- दिशा (Disha) — दिशा
- दीया (Diya) — दीपक
- दीक्षा (Diksha) — दीक्षा
- दीप्ति (Dipti) — चमक
आश्लेषा नक्षत्र के बारे में
आश्लेषा नक्षत्र के स्वामी ग्रह बुध हैं और यह कर्क राशि में आता है। इसके चारों चरणों के अक्षर हैं: डी, डू, डे, डो। आश्लेषा नक्षत्र के सभी नाम देखें।
नक्षत्र पता नहीं है?
जन्म की तिथि, समय और स्थान डालकर मुफ़्त नक्षत्र कैलकुलेटर से नक्षत्र और चरण जानें। आज का नक्षत्र देखना हो तो आज का पंचांग देखें। जन्म-तिथि की योजना बना रहे हैं? शुभ जन्म तिथि गाइड पढ़ें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
आश्लेषा नक्षत्र चरण 1 के लिए बच्चों के नाम क्या हैं?
आश्लेषा चरण 1 का नाम-अक्षर “डी” है। इस अक्षर से शुरू होने वाले नामों में दिनेश, दिव्या, दिशा, दिलीप, दीया आदि शामिल हैं, जो ऊपर अर्थ सहित दिए गए हैं।
आश्लेषा चरण 1 की राशि कौन सी है?
आश्लेषा चरण 1 कर्क राशि (Karka) में आता है, जिसके स्वामी चन्द्र हैं।
क्या इन्हीं अक्षरों से नाम रखना ज़रूरी है?
नहीं। नक्षत्र के अक्षर से नाम रखना एक परंपरा है जिसे बहुत से परिवार मानते हैं, पर यह अनिवार्य नहीं है। अर्थ, पारिवारिक पसंद और उच्चारण की सरलता के साथ इसे एक प्रेरणा की तरह इस्तेमाल करें।
नाम-अक्षर उत्तर भारत की सबसे प्रचलित परंपरा के अनुसार हैं; अलग-अलग क्षेत्रों और परिवारों में अक्षर थोड़े भिन्न हो सकते हैं, इसलिए किसी विशेष परंपरा के लिए अपने पंडित या ज्योतिषी से पूछ लें। नक्षत्र जन्म के सही समय, स्थान और तिथि पर चन्द्रमा की स्थिति से तय होता है।